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बिटकॉइन लगभग 6,000 डॉलर की रिकवरी करने में सफल रहा है और अब इसके दैनिक (डेली) चार्ट पर मौजूद एकमात्र मंदी (Bearish) वाले FVG (फेयर वैल्यू गैप) की ओर बढ़ना जारी रख सकता है। फिलहाल, डेली टाइमफ्रेम पर नए शॉर्ट ट्रेड लेने के लिए यही एकमात्र प्रमुख POI (Point of Interest) माना जा रहा है। हालांकि, यह याद रखना जरूरी है कि इस समय बिटकॉइन में होने वाली कोई भी तेजी केवल एक सुधारात्मक उछाल (Correction) है, और यह करेक्शन किसी भी समय समाप्त हो सकता है। यह आवश्यक नहीं कि करेक्शन किसी निश्चित तकनीकी पैटर्न का पालन करे।
बिटकॉइन अभी भी अपने सालाना निचले स्तरों (Annual Lows) के करीब कारोबार कर रहा है और अधिकांश स्वतंत्र तथा निष्पक्ष विशेषज्ञ आगे भी इसकी कीमत में गिरावट की संभावना जता रहे हैं। हम भी इस आकलन से सहमत हैं और मानते हैं कि मंदी का रुझान (Bearish Trend) अभी समाप्त नहीं हुआ है। फिलहाल ऐसे कोई संकेत नहीं हैं जो इस गिरावट के अंत की ओर इशारा करें। न तो कोई मजबूत तेजी (Bullish) का पैटर्न बना है और न ही मंदी वाली मार्केट संरचना (Bearish Structure) टूटी है।
मौलिक (Fundamental) परिस्थितियां भी अभी नकारात्मक बनी हुई हैं। फेडरल रिजर्व ने 2026 में अपनी प्रमुख ब्याज दर (Key Interest Rate) घटाने का कोई संकेत नहीं दिया है। निवेशकों की पूंजी लगातार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) क्षेत्र की ओर जा रही है, जबकि बिटकॉइन की स्पॉट मार्केट में मांग कमजोर बनी हुई है। इसके अलावा वैश्विक भू-राजनीतिक स्थिति (Geopolitics) भी अस्थिर है और कई बिटकॉइन माइनर्स अपने उपकरणों को AI से जुड़ी आवश्यकताओं के अनुसार ढाल रहे हैं। इन परिस्थितियों में हमें "डिजिटल गोल्ड" यानी बिटकॉइन में किसी मजबूत और टिकाऊ तेजी का कोई ठोस आधार दिखाई नहीं देता।
इस बीच, बिटकॉइन के प्रबल समर्थकों में से एक टिम ड्रेपर (Tim Draper) ने कहा है कि बिटकॉइन के 2,50,000 डॉलर प्रति कॉइन तक पहुंचने का उनका अनुमान अब भी बरकरार है। ड्रेपर ने 2014 में लगभग 30,000 बिटकॉइन खरीदे थे, जिनकी औसत कीमत करीब 632 डॉलर प्रति कॉइन थी। आज इन बिटकॉइनों का मूल्य लगभग 1.9 अरब डॉलर है और वह अब भी बिटकॉइन के 2,50,000 डॉलर तक पहुंचने का इंतजार कर रहे हैं। दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने पहले यह लक्ष्य 2022 या 2023 तक हासिल होने की उम्मीद जताई थी।
ड्रेपर के अलावा, उनके उद्योग से जुड़े अन्य प्रमुख नाम एडम बैक (Adam Back) और डैरिन फिंक (Darrin Fink) भी बिटकॉइन में एक नई तेजी (Bullish Rally) की उम्मीद कर रहे हैं। एडम बैक का अनुमान है कि बिटकॉइन की कीमत 5,00,000 डॉलर से 10,00,000 डॉलर के बीच पहुंच सकती है, जबकि डैरिन फिंक इसे 7,00,000 डॉलर तक जाते हुए देखते हैं। हालांकि, इन विशेषज्ञों के अनुमान वर्षों से लगभग समान बने हुए हैं; केवल उनके पूरे होने की समय-सीमा लगातार आगे बढ़ती जा रही है। इसलिए यह कहा जा सकता है कि कोई भी ट्रेडर बड़ी-बड़ी भविष्यवाणियां कर सकता है—बस यह कह देना होता है कि बिटकॉइन एक दिन 10 लाख डॉलर तक पहुंचेगा और फिर उस दिन का इंतजार करना होता है।
4-घंटे (4H) के टाइमफ्रेम पर बिटकॉइन अभी भी डाउनट्रेंड (मंदी के रुझान) में है, हालांकि मौजूदा करेक्शन (Correction) अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। खरीदारी पक्ष (Buy Side) की लिक्विडिटी लेने के बाद कीमत में उछाल शुरू हुआ, जिसकी संभावना हमने पहले ही जताई थी।
हाल के दिनों में केवल छोटे और स्थानीय FVG (Fair Value Gap) बन रहे हैं और उन पर कीमत की प्रतिक्रिया भी सामान्यतः काफी कमजोर रही है। हाल ही में बना अंतिम Bullish FVG सक्रिय हुआ, जिस पर कीमत ने प्रतिक्रिया दी और ट्रेडर्स को लॉन्ग (Buy) पोजीशन खोलने का अवसर मिला। हालांकि, हम फिर से याद दिलाना चाहेंगे कि बिटकॉइन में वर्तमान समय की हर तेजी केवल एक सुधारात्मक उछाल (Correction) है। इस करेक्शन में ट्रेड करना है या नहीं, यह प्रत्येक ट्रेडर का व्यक्तिगत निर्णय है।
इसके अलावा, ट्रेंड लाइन के नीचे मौजूद लिक्विडिटी पूल (Liquidity Pool) पर भी ध्यान देना चाहिए। हमारा अनुमान है कि लगभग 90% संभावना है कि कीमत दोबारा इस क्षेत्र में लौटेगी। इसलिए, हम बिटकॉइन में एक नई गिरावट की उम्मीद कर रहे हैं।
बिटकॉइन अभी भी एक मजबूत डाउनट्रेंड बना रहा है। हमारी अपेक्षा है कि कीमत में गिरावट जारी रह सकती है और इसका अगला लक्ष्य 57,500 डॉलर हो सकता है, जो पिछले तीन वर्षों की तेजी (Uptrend) के आधार पर निकाले गए 61.8% फिबोनाची स्तर के आसपास है। हालांकि, यह स्तर पहले ही लगभग परीक्षण (Test) किया जा चुका है, लेकिन हमें नहीं लगता कि मंदी का रुझान यहीं समाप्त होगा।
दैनिक (1D) टाइमफ्रेम पर 68,000 डॉलर से 70,700 डॉलर के बीच बना अंतिम Bearish FVG आने वाले हफ्तों में शॉर्ट (Sell) पोजीशन लेने के लिए प्रमुख POI (Point of Interest) माना जा सकता है।
वहीं 4-घंटे (4H) टाइमफ्रेम पर बिटकॉइन अपनी दूसरी सुधारात्मक लहर (Second Corrective Wave) में बना हुआ है। फिर भी, मौजूदा परिस्थितियों में Sell ट्रेड अपेक्षाकृत अधिक आकर्षक दिखाई देते हैं, क्योंकि अभी होने वाली कोई भी तेजी केवल करेक्शन मानी जा रही है।